सरसों तेल और रिफाइंड के दाम में जबरदस्त गिरावट: GST बदलाव के बाद जानिए आज का ताजा रेट

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दिल्ली की गलियों से लेकर देशभर की रसोई तक इन दिनों एक ही चर्चा है – सरसों तेल और रिफाइंड ऑयल के घटते दाम। याद कीजिए वो समय, जब 1 लीटर सरसों तेल 180 से 200 रुपये के पार चला जाता था और हर महीने का किचन बजट बिगड़ जाता था। लेकिन 2026 में तस्वीर बदली हुई नजर आ रही है। GST में बदलाव और बाजार की नई परिस्थितियों के चलते अब सरसों तेल और रिफाइंड तेल की कीमतों में बड़ी राहत देखने को मिल रही है।

यह गिरावट खासतौर पर मध्यम वर्गीय परिवारों के लिए बड़ी राहत बनकर आई है।


GST में बदलाव का असर: आखिर क्यों घटे दाम?

सरकार ने खाद्य तेलों पर GST दरों को संतुलित करते हुए ज्यादातर तेलों को 5 प्रतिशत के स्लैब में स्थिर किया है। पहले कुछ मामलों में टैक्स दरें ज्यादा थीं, जिससे लागत बढ़ती थी। 2025 के बाद लागू किए गए GST 2.0 सुधारों से इनपुट कॉस्ट कम हुई है।

इसके साथ ही आयात शुल्क में बदलाव और घरेलू उत्पादन में बढ़ोतरी ने भी कीमतों पर दबाव कम किया है। नतीजा साफ है – सरसों तेल और रिफाइंड तेल दोनों के दाम तेजी से नीचे आए हैं। दिल्ली समेत कई शहरों में लोग अब राहत की सांस ले रहे हैं।


आज का ताजा भाव: कितनी सस्ती हुई सरसों का तेल?

फरवरी 2026 के ताजा अपडेट के मुताबिक, सरसों तेल की खुदरा कीमतों में अच्छी गिरावट दर्ज की गई है।

  • 1 लीटर सरसों तेल अब औसतन ₹145 से ₹165 के बीच मिल रहा है, शहर के हिसाब से दाम थोड़ा बदल सकते हैं।

  • कुछ जगहों पर कीमत ₹140 तक भी पहुंच गई है।

  • कच्ची घानी सरसों तेल की कीमत ₹180 से ₹200 के बीच स्थिर हो रही है, जो पहले ₹200 से ₹220 तक थी।

कुल मिलाकर बाजार में गिरावट का साफ रुझान दिखाई दे रहा है।


रिफाइंड तेल भी हुआ सस्ता

सिर्फ सरसों तेल ही नहीं, बल्कि सोयाबीन, सनफ्लावर और पाम तेल जैसे रिफाइंड ऑयल की कीमतों में भी गिरावट दर्ज की गई है।

  • रिफाइंड तेल में ₹5 से ₹15 प्रति लीटर तक की कमी देखी गई है।

  • दिल्ली, जयपुर और लखनऊ जैसे शहरों में रिफाइंड तेल ₹130 से ₹150 प्रति लीटर के बीच मिल रहा है।

रसोई का मासिक खर्च अब पहले से हल्का महसूस हो रहा है।


किन वजहों से गिरे दाम?

तेल की कीमतों में गिरावट के पीछे कई अहम कारण हैं:

  • घरेलू स्तर पर सरसों का उत्पादन बढ़ा

  • वैश्विक बाजार में खाद्य तेलों की कीमतों में नरमी

  • खाद्य तेलों पर 5 प्रतिशत GST का प्रभाव

  • आयात पर निर्भरता में कमी

इन सभी कारणों ने मिलकर बाजार में कीमतों को नीचे लाने में अहम भूमिका निभाई है।


शहरों में सरसों तेल का ताजा रेट (फरवरी 2026)

  • दिल्ली: ₹145–₹160 प्रति लीटर

  • जयपुर: ₹142–₹155 प्रति लीटर

  • पटना: ₹140–₹150 प्रति लीटर

  • लखनऊ: ₹143–₹158 प्रति लीटर

रिफाइंड तेल की कीमतें भी ₹130 से ₹150 प्रति लीटर के बीच आ चुकी हैं।


रसोई में लौटी मुस्कान

सरसों का तेल उत्तर भारत की रसोई की पहचान है। पराठे, सब्जी, अचार – सबका स्वाद इसी से जुड़ा है। जब कीमतें बढ़ी थीं, तो कई घरों में तेल की खपत कम करनी पड़ी थी। अब कीमतें घटने से परिवार बिना ज्यादा चिंता के पारंपरिक स्वाद का आनंद ले पा रहे हैं।

यह सिर्फ कीमतों में गिरावट नहीं, बल्कि घर के बजट में आई राहत है।


क्या आगे और सस्ता होगा तेल?

विशेषज्ञों का मानना है कि अगर घरेलू उत्पादन मजबूत रहा और वैश्विक बाजार में नरमी बनी रही, तो कीमतों में और थोड़ी गिरावट संभव है। हालांकि त्योहारों या अचानक बढ़ी मांग के दौरान दामों में हल्का उतार-चढ़ाव हो सकता है।


मौजूदा कीमतों की तुलना (फरवरी 2026 के आसपास)

तेल का प्रकारशहर (उदाहरण)वर्तमान कीमत (₹/लीटर)पिछली कीमत (लगभग)गिरावट (₹)
सरसों तेलदिल्ली145–160165–18015–25
कच्ची घानीऑल इंडिया180–200200–22010–20
रिफाइंड सोयाबीनदिल्ली130–145150–16515–20
सनफ्लावर रिफाइंडबड़े शहर135–150155–17015–20
पामोलीन रिफाइंडउत्तर भारत125–140140–15510–15

निष्कर्ष

सरसों तेल और रिफाइंड तेल की कीमतों में आई यह बड़ी गिरावट आम लोगों के लिए राहत की खबर है। GST सुधार, बेहतर सप्लाई और वैश्विक बाजार की नरमी ने मिलकर बाजार को संतुलित किया है। अब रसोई का बजट पहले से ज्यादा संतुलित दिख रहा है।

अगर आप दिल्ली या आसपास के शहरों में रहते हैं, तो स्थानीय बाजार में जाकर ताजा रेट जरूर जांच लें।


अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

आज सरसों तेल का दाम कितना है?
दिल्ली में यह लगभग ₹145 से ₹160 प्रति लीटर के बीच है।

GST में बदलाव से कितना फायदा हुआ?
5 प्रतिशत स्लैब के कारण लागत कम हुई और खुदरा कीमतों में 10 से 20 प्रतिशत तक राहत मिली।

रिफाइंड तेल के दाम और गिर सकते हैं?
यह घरेलू उत्पादन और वैश्विक बाजार पर निर्भर करेगा, लेकिन फिलहाल गिरावट का रुझान बना हुआ है।

कच्ची घानी और सामान्य सरसों तेल में क्या अंतर है?
कच्ची घानी तेल थोड़ा महंगा होता है, लेकिन स्वाद और पारंपरिक गुणवत्ता के लिए ज्यादा पसंद किया जाता है।


डिस्क्लेमर

यह जानकारी बाजार के उपलब्ध आंकड़ों पर आधारित है। कीमतें शहर, ब्रांड और समय के अनुसार बदल सकती हैं। खरीदारी से पहले स्थानीय दुकानदार या विश्वसनीय स्रोत से ताजा रेट की पुष्टि जरूर करें। यह केवल जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया लेख है।

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